UP Weather Today: पूर्वी उत्तर प्रदेश में भारी बारिश का अलर्ट, वाराणसी समेत कई इलाकों में झमाझम बरसेंगे बादल
UP Weather Today 14 August 2026: उत्तर प्रदेश में मानसून ने एक बार फिर जोर पकड़ लिया है। खासतौर पर पूर्वी उत्तर प्रदेश में आज बारिश की गतिविधियां तेज रहने की संभावना है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 14 अगस्त के लिए East Uttar Pradesh में Very Heavy Rain के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की चेतावनी जारी की है। वाराणसी में भी बादल छाए रहने के साथ एक-दो दौर की बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ने और भारी बारिश की चेतावनी है।
बारिश का यह दौर केवल वाराणसी तक सीमित नहीं है। पूर्वांचल और पूर्वी उत्तर प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में मानसून सक्रिय बना हुआ है। कुछ स्थानों पर तेज बारिश होने से जलभराव, ट्रैफिक और निचले इलाकों में परेशानी बढ़ सकती है।
वाराणसी में आज भारी बारिश का अलर्ट
वाराणसी में 14 अगस्त को मौसम पूरी तरह मानसूनी रहने की संभावना है। IMD के शहर-स्तरीय पूर्वानुमान में Generally Cloudy Sky with one or two spells of rain or thundershowers बताया गया है। साथ ही Heavy Rainfall और Thunderstorm accompanied with Lightning की चेतावनी भी दर्ज है।
IMD के इस पूर्वानुमान में वाराणसी का न्यूनतम तापमान करीब 25°C और अधिकतम तापमान 32°C रहने का अनुमान है। सुबह की सापेक्ष आर्द्रता 90% और शाम की 80% के आसपास बताई गई है।
ऐसे में शहर में उमस के बीच अचानक तेज बारिश के दौर देखने को मिल सकते हैं।
पूर्वी उत्तर प्रदेश में Very Heavy Rain की चेतावनी
IMD की 14 अगस्त की subdivision-wise warning के अनुसार East Uttar Pradesh में Very Heavy Rain की चेतावनी जारी की गई है। इसके साथ thunderstorm और lightning का खतरा भी बना हुआ है।
इसका अर्थ यह है कि पूर्वी यूपी में सभी जगह एक जैसी बारिश जरूरी नहीं है, लेकिन कुछ इलाकों में बारिश काफी तेज हो सकती है।
इसलिए वाराणसी के अलावा पूर्वांचल के दूसरे जिलों में भी स्थानीय मौसम चेतावनी पर नजर रखना जरूरी होगा।
आजमगढ़ में दर्ज हुई 30.8 मिमी बारिश
पूर्वी उत्तर प्रदेश में मानसून की सक्रियता पिछले बारिश के आंकड़ों में भी दिखाई दे रही है। IMD Lucknow के 14 अगस्त के weather observations के मुताबिक आजमगढ़ में 30.8 मिमी बारिश दर्ज की गई है।
बहराइच में भी 1.2 मिमी वर्षा दर्ज की गई। कई स्थानों पर सुबह के समय आर्द्रता काफी अधिक रही।
अधिक नमी और सक्रिय मानसूनी परिस्थितियां कुछ क्षेत्रों में बारिश और गरज-चमक के लिए अनुकूल माहौल बनाए रख सकती हैं।
पूर्वांचल में मानसून क्यों हुआ सक्रिय?
पूर्वी उत्तर प्रदेश में मौजूदा बारिश व्यापक मानसूनी सक्रियता का हिस्सा है। IMD ने 14 अगस्त के लिए देश के कई हिस्सों में widespread heavy to very heavy rainfall की संभावना जताई है, जिसमें उत्तर प्रदेश भी शामिल है।
मानसून से जुड़े सक्रिय सिस्टम के कारण उत्तर, मध्य और पूर्वी भारत के कई हिस्सों में नमी की आपूर्ति बनी हुई है।
इसी वजह से उत्तर प्रदेश में भी कई स्थानों पर बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां देखने को मिल रही हैं।
तेज बारिश से वाराणसी में जलभराव की परेशानी
वाराणसी में तेज बारिश का असर जमीन पर भी दिखाई दिया है। 14 अगस्त की एक स्थानीय रिपोर्ट के मुताबिक शहर में कई घंटों की तेज बारिश के बाद विभिन्न क्षेत्रों में गंभीर जलभराव हुआ और सड़कों पर यातायात प्रभावित हुआ।
भारी बारिश के दौरान शहर के निचले इलाकों और कमजोर drainage वाले क्षेत्रों में पानी जमा होने का खतरा ज्यादा रहता है।
ऐसे में वाहन चालकों को पानी से भरे रास्तों और अंडरपास से गुजरते समय अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए।
15 अगस्त को कैसा रहेगा वाराणसी का मौसम?
वाराणसी के लिए उपलब्ध IMD city forecast के अनुसार 15 अगस्त को भी एक-दो दौर की बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। अधिकतम तापमान करीब 33°C और न्यूनतम करीब 25°C रहने का अनुमान दिया गया है। हालांकि city-level forecast में 15 अगस्त के लिए कोई warning दर्ज नहीं थी।
इसलिए स्वतंत्रता दिवस पर बाहर निकलने वाले लोगों को स्थानीय hourly weather update देखना उपयोगी रहेगा।
पूर्वी यूपी में 18 अगस्त तक Heavy Rain का खतरा
राज्य के लिए बारिश का दौर अभी खत्म होता नहीं दिख रहा।
IMD की 14 अगस्त को जारी चेतावनी के मुताबिक East Uttar Pradesh में:
14 August: Very Heavy Rain + Thunderstorm & Lightning 15 August: Heavy Rain + Thunderstorm & Lightning 16 August: Heavy Rain 17 August: Heavy Rain 18 August: Heavy Rain
इसके बाद 19 और 20 अगस्त के लिए subdivision-level warning में फिलहाल कोई warning नहीं दिखाई गई है।
इससे संकेत मिलता है कि पूर्वी उत्तर प्रदेश में अगले कुछ दिनों तक मानसून सक्रिय रह सकता है, हालांकि वास्तविक बारिश जिले और स्थान के अनुसार अलग-अलग होगी।
किसानों के लिए बारिश कितनी महत्वपूर्ण?
मानसूनी बारिश धान और दूसरी खरीफ फसलों के लिए महत्वपूर्ण है, लेकिन कम समय में बहुत अधिक बारिश खेतों में जलभराव की समस्या पैदा कर सकती है।
जिन इलाकों में लगातार बारिश हो रही है, वहां किसानों को खेतों से अतिरिक्त पानी निकालने की व्यवस्था पर ध्यान देना चाहिए। बिजली और गरज-चमक के दौरान खुले खेतों में रहने से बचना बेहतर है।
स्थानीय कृषि और मौसम विभाग की जिलेवार advisory को प्राथमिकता देनी चाहिए।
भारी बारिश और बिजली गिरने के दौरान रहें सावधान
IMD ने पूर्वी उत्तर प्रदेश में बारिश के साथ thunderstorm और lightning की भी चेतावनी दी है।
तेज बारिश के दौरान पानी से भरे अंडरपास और तेज बहाव वाले रास्तों से गुजरने से बचें। बिजली चमकने के समय खुले मैदान, बिजली के खंभों और अकेले खड़े पेड़ों के नीचे शरण न लें।
यात्रा करने से पहले स्थानीय मौसम और ट्रैफिक की स्थिति जांचना बेहतर रहेगा।
अगले कुछ दिन पूर्वी यूपी के लिए महत्वपूर्ण
14 अगस्त को Very Heavy Rain की चेतावनी और उसके बाद 15 से 18 अगस्त तक Heavy Rain warning को देखते हुए पूर्वी उत्तर प्रदेश के लिए आने वाले कुछ दिन महत्वपूर्ण रहेंगे।
वाराणसी समेत पूर्वांचल में बारिश गर्मी और उमस से राहत दे सकती है, लेकिन तेज बारिश वाले इलाकों में जलभराव और यातायात संबंधी परेशानियां बढ़ सकती हैं।
जिलेवार बारिश में काफी अंतर हो सकता है, इसलिए राज्य-स्तरीय forecast के साथ स्थानीय IMD warning को देखना जरूरी है।






