UP Weather Today 21 August 2026: उत्तर प्रदेश में मानसून का असर एक बार फिर पूर्वी हिस्सों में ज्यादा दिखाई दे रहा है। पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई क्षेत्रों में आज भारी बारिश की संभावना बनी हुई है। वहीं राजधानी लखनऊ में बारिश के बीच धूप निकलने और वातावरण में अधिक नमी के कारण उमस लोगों को परेशान कर सकती है।
प्रदेश में मौसम एक जैसा नहीं रहेगा। पूर्वी यूपी में जहां बादल और बारिश ज्यादा सक्रिय रह सकते हैं, वहीं कुछ क्षेत्रों में बारिश के बीच धूप निकलने से गर्मी और उमस महसूस हो सकती है। इसलिए राज्यस्तरीय forecast के साथ जिलेवार मौसम अपडेट देखना ज्यादा उपयोगी रहेगा।
पूर्वी उत्तर प्रदेश में मानसून फिर सक्रिय
पूर्वी उत्तर प्रदेश में मानसून की सक्रियता बनी हुई है। कई क्षेत्रों में बारिश का दौर जारी रहने और कुछ स्थानों पर भारी बारिश होने के आसार हैं।
लगातार बारिश वाले इलाकों में निचले क्षेत्रों में पानी जमा होने की समस्या हो सकती है। ग्रामीण इलाकों में कच्ची सड़कों और छोटे नदी-नालों के आसपास भी अतिरिक्त सावधानी जरूरी है।
कम समय में तेज बारिश होने पर स्थानीय यातायात प्रभावित हो सकता है।
लखनऊ में बारिश से ज्यादा परेशान कर सकती है उमस
राजधानी लखनऊ में आज मौसम का अलग रूप देखने को मिल सकता है। बारिश की गतिविधियों के बीच धूप निकलने से उमस बढ़ने के आसार हैं।
IMD के लखनऊ केंद्र पर आज सुबह Lucknow-Airport में तापमान लगभग 28.8°C, आर्द्रता 86% और उत्तर-पूर्वी हवा करीब 3.7 km/h दर्ज की गई थी। इससे वातावरण में मौजूद अधिक नमी का अंदाजा मिलता है।
ऐसी स्थिति में वास्तविक तापमान बहुत अधिक न होने के बावजूद मौसम ज्यादा गर्म और चिपचिपा महसूस हो सकता है।
पूर्वांचल में भारी बारिश का खतरा
पूर्वांचल आज के मौसम का महत्वपूर्ण क्षेत्र बना हुआ है। हालिया पूर्वानुमान में गुरुवार और शुक्रवार के दौरान पूर्वांचल में भारी बारिश की चेतावनी दी गई थी।
वाराणसी, गोरखपुर, प्रयागराज और आसपास के पूर्वी जिलों में रहने वाले लोगों के लिए स्थानीय forecast और district-level warning महत्वपूर्ण रहेगी।
हर जिले में समान मात्रा में बारिश नहीं होगी, इसलिए पूरे पूर्वांचल के लिए एक ही rainfall estimate मानना सही नहीं होगा।
गोरखपुर में भी नमी ज्यादा
पूर्वी उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में भी वातावरण में काफी नमी बनी हुई है।
IMD Lucknow के आज के observations में Gorakhpur में humidity करीब 89% दिखाई गई।
उच्च humidity के साथ बारिश और बादलों की मौजूदगी मौसम को काफी उमसभरा बना सकती है।
बारिश नहीं होने की अवधि में भी लोगों को गर्मी ज्यादा महसूस हो सकती है।
प्रयागराज में भी सक्रिय मौसम
प्रयागराज में भी नमी और मानसूनी परिस्थितियां बनी हुई हैं।
आज IMD Lucknow के observation में Prayagraj में करीब 30°C तापमान और 100% humidity दर्ज की गई।
ऐसी परिस्थितियों में स्थानीय बादल और बारिश विकसित होने पर मौसम तेजी से बदल सकता है।
हालांकि किसी एक observation से पूरे दिन की बारिश तय नहीं होती, इसलिए latest forecast और warning देखते रहना जरूरी है।
पश्चिमी और पूर्वी यूपी के मौसम में अंतर
उत्तर प्रदेश काफी बड़ा राज्य है, इसलिए पश्चिमी और पूर्वी हिस्से में मानसून का प्रभाव एक जैसा नहीं रहता।
फिलहाल पूर्वी उत्तर प्रदेश में बारिश पर ज्यादा ध्यान है। इससे पहले 21 अगस्त के लिए पश्चिमी और पूर्वी यूपी दोनों में बारिश को लेकर alert की रिपोर्ट भी सामने आई थी।
इसलिए दिल्ली-NCR से लगे पश्चिमी जिलों से लेकर पूर्वांचल तक स्थानीय मौसम में काफी अंतर देखने को मिल सकता है।
बारिश के बाद क्यों बढ़ जाती है उमस?
बारिश होने के बाद वातावरण में नमी काफी बढ़ जाती है।
यदि इसके तुरंत बाद बादल कम होते हैं और धूप निकलती है, तो अधिक humidity के कारण शरीर से पसीने का evaporation धीमा हो जाता है। इसी वजह से वास्तविक तापमान की तुलना में गर्मी ज्यादा महसूस हो सकती है।
लखनऊ में आज बारिश के बीच धूप निकलने के कारण इसी तरह की उमस बढ़ने की संभावना बताई गई है।
भारी बारिश से जलभराव का खतरा
पूर्वी उत्तर प्रदेश के जिन क्षेत्रों में तेज बारिश होती है वहां urban waterlogging सबसे पहले दिखाई देने वाली समस्याओं में से एक हो सकती है।
कमजोर drainage वाले क्षेत्रों, अंडरपास और निचली सड़कों पर पानी तेजी से जमा हो सकता है।
ग्रामीण क्षेत्रों में समस्या अलग हो सकती है। छोटे नाले, कच्ची सड़कें और कम ऊंचाई वाले पुल तेज बारिश के बाद प्रभावित हो सकते हैं।
बिजली गिरने के खतरे को नजरअंदाज न करें
मानसूनी बारिश के दौरान thunderstorm और lightning का खतरा भी महत्वपूर्ण है।
गरज सुनाई देने पर खुले खेत, छत, ऊंचे स्थान और अकेले खड़े पेड़ के नीचे रुकने से बचना चाहिए।
खेतों में काम करने वाले लोगों को खराब मौसम विकसित होने पर सुरक्षित पक्की जगह की तरफ जाना बेहतर रहेगा।
किसानों के लिए महत्वपूर्ण रहेगा पूर्वी यूपी का मौसम
पूर्वी उत्तर प्रदेश में खरीफ फसलों के दौरान बारिश की timing काफी महत्वपूर्ण होती है।
जिन क्षेत्रों में भारी बारिश होने वाली है वहां खेतों में पानी जमा होने की स्थिति पर नजर रखनी चाहिए।
बारिश या तेज हवा के आसपास spraying जैसी मौसम-संवेदनशील गतिविधियों के लिए hourly forecast देखना ज्यादा उपयोगी रहेगा।
लखनऊ में बाहर निकलने वालों के लिए क्या रहेगा मौसम?
लखनऊ में आज केवल बारिश ही मुद्दा नहीं है। धूप निकलने की स्थिति में high humidity के कारण उमस ज्यादा महसूस हो सकती है।
दोपहर के समय बाहर निकलने वाले लोगों को गर्म और humid conditions के लिए तैयार रहना चाहिए।
अगर स्थानीय thunderstorm विकसित होता है तो कुछ ही समय में मौसम बदल सकता है।
अगले कुछ दिन कैसा रहेगा पूर्वी यूपी का मौसम?
पूर्वी उत्तर प्रदेश में मानसून सक्रिय बना हुआ है और बारिश का सिलसिला अगले कुछ दिनों तक जारी रहने के आसार हैं।
हालांकि rainfall intensity हर दिन और हर जिले में समान नहीं रहेगी।
कहीं भारी बारिश हो सकती है जबकि पास के दूसरे जिले में केवल हल्की से मध्यम बारिश देखने को मिल सकती है।
यात्रा करने वालों को रहना होगा सतर्क
तेज बारिश के दौरान visibility अचानक कम हो सकती है।
हाईवे और ग्रामीण सड़कों पर पानी जमा होने की स्थिति में वाहन की गति कम रखनी चाहिए।
पानी से भरी सड़क की गहराई का अंदाजा न होने पर उसमें वाहन लेकर प्रवेश नहीं करना चाहिए।
पूर्वी यूपी में लंबी दूरी की यात्रा करने वाले लोग निकलने से पहले अपने पूरे route का मौसम देख सकते हैं।
आज किन क्षेत्रों पर ज्यादा नजर?
21 अगस्त को मुख्य फोकस पूर्वी उत्तर प्रदेश पर रहेगा, जहां मानसून सक्रिय है और भारी बारिश के आसार हैं।
लखनऊ में बारिश के साथ उमस महत्वपूर्ण रहेगी, जबकि प्रयागराज और गोरखपुर जैसे शहरों में भी वातावरण में काफी नमी दर्ज की गई है।
जिलेवार स्थिति तेजी से बदल सकती है, इसलिए स्थानीय चेतावनी को प्राथमिकता देना बेहतर रहेगा।
अगले 24 घंटे क्यों महत्वपूर्ण?
पूर्वी यूपी में सक्रिय मानसून के कारण अगले 24 घंटे बारिश के लिहाज से महत्वपूर्ण रहेंगे।
पहले से पानी प्राप्त कर चुके क्षेत्रों में अतिरिक्त बारिश का असर ज्यादा हो सकता है। शहरों में waterlogging और ग्रामीण क्षेत्रों में छोटे नदी-नालों के जलस्तर पर नजर रखना जरूरी रहेगा।
लखनऊ में दूसरी तरफ बारिश के बीच निकलने वाली धूप उमस बढ़ा सकती है।
बारिश के दौरान रखें इन बातों का ध्यान
भारी बारिश के दौरान जलभराव वाले अंडरपास और तेज बहाव वाली सड़क पार न करें। गरज-चमक के दौरान खुले मैदान और पेड़ों के नीचे शरण लेने से बचें।
तेज बारिश में वाहन चलाते समय speed कम रखें और visibility बहुत खराब होने पर सुरक्षित स्थान पर रुकें।
स्थानीय प्रशासन या मौसम विभाग की district-level warning जारी होने पर उसे प्राथमिकता दें।
Disclaimer: यह स्वतंत्र मौसम रिपोर्ट 21 अगस्त 2026 को उपलब्ध मौसम पूर्वानुमान और observations के आधार पर तैयार की गई है। मौसम की वास्तविक स्थिति जिले, स्थान और समय के अनुसार बदल सकती है। मौसम-संवेदनशील गतिविधि या यात्रा से पहले नवीनतम स्थानीय चेतावनी जरूर जांचें।






